
विशेष न्यायाधीश एफ टी एस सी पोक्सो न्यायालय घरघोड़ा ने अपहरण के दोषी को सुनाई सश्रम कारावास की सजा ।
घरघोड़ा। घरघोड़ा मामले का संक्षिप्त विवरण बताते हुए विशेष लोकअभियोजक श्रीमती अर्चना मिश्रा ने बतलाया कि थाना कापू के अपराध क्रमांक 87/2024 के मामले में विशेष न्यायालय श्रीमान शहाबुद्दीन कुरैशी साहब ने अभियुक्त मनोज कंडरा को धारा 137 /2/ भारतीय न्याय संहिता एवं धारा 12 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 के मामले में दोष सिद्ध पाते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 137 दो के तहत तीन वर्ष के आश्रम कारावास एवं धारा 12 लैंगिक अपराधों से शारीरिक बालकों का संरक्षण अधिनियम की धारा 12 के तहत दो वर्ष के आश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
मामले का संक्षिप्त सार इस प्रकार है कि नाबालिक पीड़िता द्वारा थाना कापू में उपस्थित होकर अभियुक्त के विरुद्ध इस आशय की लिखित शिकायत दी गई थी ,कि दिनांक 10/7/2024 को करीबन 5:00 बजे शाम अभियुक्त ने उसे वहला फुसला कर का शादी का प्रलोभन देकर भगा कर गुप्त रूप से अनजान जगह में छुपा कर अपने साथ रखा था ।उक्त शिकायत के आधार पर अभियुक्त के विरुद्ध थाना कापू
में प्रकरण दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई तथा विवेचना में अभियुक्त अपराध में संयुक्त पाए जाने से उसके विरुद्ध धारा 137 /2/एवं धारा 140 /3 /भारतीय न्याय संहिता एवं धारा 12 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम के तहत अपराध में चालान तैयार करने वाले के समक्ष प्रस्तुत किया गया था ।न्यायालय ने सभी साक्षियों के साक्षियों कथन लेख बद्ध किया गया तथा उभय पक्ष के तर्क श्रवण करने के पश्चात अभियुक्त को अभियोजित धाराओं में सिद्ध दोष ठहराते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 137/2 /के तहत 3 वर्ष के सश्रम कर आवास एवं लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम की धारा 12 के तहत 2 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई प्रकरण में राज्य की ओर से विशेष लोक अभियोजक श्रीमती अर्चना मिश्रा ने पक्ष रखा।

टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें