संविधान हर हिंदुस्तानी का प*वित्र ग्रंथ न्यायाधीश अभिशेक शर्मा
संविधान हर हिंदुस्तानी का पवित्र ग्रंथ न्यायाधीश अभिशेक शर्मा
**संविधान दिवस पर न्यायालय में कार्यक्रम आयोजित**
घरघोड़ा। राष्ट्रीय संविधान दिवस के अवसर पर जिला एवं अपर सत्र न्यायालय घरघोड़ा में संविधान दिवस की 75वीं वर्षगांठ धूमधाम से मनाया गया ।इस अवसर पर जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश अभिषेक शर्मा के मुख्य आतिथ्य में स्थानीय अधिवक्ता कक्ष में संगोष्ठी आयोजित किया गया।
छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर से प्राप्त निर्देशानुसार, प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रायगढ, जितेन्द्र कुमार जैन के निर्देश में कार्यक्रम आयोजित किए गए।
सर्वप्रथम न्यायाधीश अभिषेक शर्मा ने उपस्थित अधिवक्ताओं को संविधान दिवस की बधाई देते हुए कहा कि संविधान हर हिंदुस्तानी का पवित्र ग्रंथ है इसे हम सबको आत्मसात करने के साथ आत्म अवलोकन करने की भी आवश्यकता है ।संविधान के अनुसार हम सबको अपने आसपास के वातावरण पर्यावरण एवं समाज को संविधान के रूप चलाने के लिए उपाय करना चाहिए ।अधिवक्ता एक बुद्धिजीवी वर्ग होता है और उसके द्वारा किए गए कार्यों को लोगों के द्वारा अपनाया जाता है ,इसलिए आप सबको संविधान अनुरूप कार्य करते हुए समाज को जागरूक करने का कार्य करना चाहिए। देश के संविधान निर्माता ने देश के लोगों के लिए विश्व का सबसे बड़ा लिखित संविधान बनाया है जिसके लिए हम सबको उनके प्रति कृतज्ञता रहना चाहिए। इस अवसर पर संविधान के उद्देशिका का वाचन किया गया।
आज के कार्यक्रम में अधिवक्ता देवेंद्र पंडा ,अधिवक्ता शंखदेव मिश्रा ,अधिवक्ता जीडी लहरे ने संविधान के बारे में अपने विचार रखे।कार्यक्रम में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष कैलास गुप्ता सहित सभी अधिवक्तागण और पैरा लीगल वॉलिंटियर , न्यायालयीन स्टाफ उपस्थित रहे।


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